Karnavedha Sanskar – 16 संस्कारों में दसवा कर्णभेद संस्कार
Karnavedha Sanskar – कर्णवेध संस्कार का महत्व और विधि हिंदू धर्म में संस्कारों की महत्ता जातक के जन्म लेने की प्रक्रिया के आरंभ से लेकर अंत्येष्टि तक चलती रहती है। […]
Karnavedha Sanskar – कर्णवेध संस्कार का महत्व और विधि हिंदू धर्म में संस्कारों की महत्ता जातक के जन्म लेने की प्रक्रिया के आरंभ से लेकर अंत्येष्टि तक चलती रहती है। […]
शिवजी द्वारा श्री रामचंद्र जी को शिव गीता का उपदेश भगवान शिव ही इस संपूर्ण सृष्टि के अनादि देव है जिनके महिमा का वर्णन वेदो, पुराणों, दर्शन, योग , तंत्र
हमारा देश भारत हजारों वर्षों से आध्यात्मिक जगद्गुरु क्यों रहा है? चार धामों की अवधारणा भारत में ही क्यों है? क्यों नौ बार इस भूमि पर भगवान ने जन्म लिया?
मृतक का सिर उत्तर दिशा की ओर क्यों रखते हैं? मृत्युकाल के समय प्राणी (मनुष्य) को उत्तर की ओर सिर करके इसलिए लिटाते हैं कि प्राणों का उत्सर्ग दशम द्वार
दैनिक यज्ञ और ज्ञान यज्ञ यज्ञों की भौतिक और आध्यात्मिक महत्ता असाधारण है। भौतिक या आध्यात्मिक जिस क्षेत्र पर भी दृष्टि डालें उसी में दैनिक यज्ञ की महत्वपूर्ण उपयोगिता दृष्टिगोचर
माघ स्नान – स्नान दान से मिलता है मोक्ष माघ, भारतीय संवत्सर का एक ऐसा माह जिसके हर दिन को पवित्र माना जाता है। जिसमें पड़ने वाली कड़कड़ाती ठंड भी
श्री यन्त्र का रहस्य – Shri Yantra Mantra & Benefits हमारा भारत वर्ष आध्यात्मिकता का केंद्र है जो पूरे विश्व में प्रख्यात है। इसी प्रकार इस ख्याति को बांये रखने
सनातन धर्म में भगवान शिव को सभी देवताओं का देवता कहा गया है यानी कि भगवान शिव सभी देवताओं में भी उतने ही पूज्य हैं जितने कि सभी जीवों में।
श्री हनुमान प्रश्नावली चक्र – Hanuman Prashnavali Chakra हनुमान प्रश्नावली (Hanuman Prashnavali) एक ऐसा माध्यम है जिसके द्वारा सभी प्रकार की समस्याओं से मुक्ति पाने का रास्ता खोजा जा सकता