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स्वामी सत्यमित्रानन्द गिरि का जीवन परिचय – Swami Satyamitranand Giri Biography सनातन परंपरा के संतों में सहज, सरल और तपोनिष्ठ स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि का नाम उन संतों में लिया जाता है, जिनके आगे कोई भी पद या पुरस्कार छोटे पड़ जाते हैं। तन, मन और वचन से परोपकारी संत सत्यमित्रानंद आध्यात्मिक चेतना के धनी थे।

गरुड़ पुराण कथा – Garud Puran in Hindi गरुण पुराण (Garuda Purana) हिन्दू धर्म के वेद पुराण में से एक है। गरुण पुराण (Garuda Puranam) हिन्दू धर्म में मृत्यु के बाद सद्गति प्रदान करने वाला है और इसीलिए मृत्यु के बाद गरुड़ पुराण की कथा (Garud Puran Katha) के श्रवण का प्रावधान है। इस गरुण

मार्कण्डेय पुराण Pdf – Markandeya Purana मार्कण्डेय पुराण आकार में छोटा है। इसके एक सौ सैंतीस अध्यायों में लगभग नौ हज़ार हैं। मार्कण्डेय ऋषि द्वारा इसके कथन से इसका नाम ‘मार्कण्डेय पुराण’ पड़ा। यह पुराण वस्तुत: दुर्गा चरित्र एवं के वर्णन के लिए प्रसिद्ध है। इसीलिए इसे शाक्त सम्प्रदाय का पुराण कहा जाता है। Puran के सभी

नारद पुराण – Narad Purana Hindi नारद पुराण (Narada Purana) एक वैष्णव पुराण है। नारद पुराण (Narad Puran in Hindi) के विषय में कहा जाता है कि इसका श्रवण करने से पापी व्यक्ति भी पाप मुक्त हो जाते हैं। जो व्यक्ति ब्रह्महत्या का दोषी है, मदिरापान करता है, मांस भक्षण करता है, वेश्यागमन करता हे,

वराह पुराण – Varaha Puran वराह पुराण (Varaha Purana) में विष्णु पूजा का अनुष्ठान विधिपूर्वक करने की शिक्षा दी गई है क्योकि वराह पुराण (Varaha Puranam) एक वैष्णव पुराण है। भगवान् विष्णु के दशावतारों में एक अवतार ‘वराह’ का है। पृथ्वी का उद्धार करने के लिए भगवान विष्णु ने राक्षस हिरण्याक्ष का वध करने हेतु

ब्रह्माण्ड पुराण PDF – Brahmand Purana Hindi समस्त महापुराणों में ‘ब्रह्माण्ड पुराण’ अन्तिम पुराण होते हुए भी अत्यन्त महत्त्वपूर्ण है। समस्त ब्रह्माण्ड का सांगोपांग वर्णन इसमें प्राप्त होने के कारण ही इसे यह नाम दिया गया है। वैज्ञानिक दृष्टि से इस पुराण का विशेष महत्त्व है। विद्वानों ने ‘ब्रह्माण्ड पुराण’ को वेदों के समान माना

ब्रह्म वैवर्त पुराण – Brahma Vaivarta Purana Hindi  ब्रह्म वैवर्त पुराण (Brahma Vaivarta Purana) यह वैष्णव पुराण है। इस पुराण में भगवन कृष्णा को ही प्रमुख इष्ट मानकर उन्हें सृष्टि का कारण बताया गया है। ‘ब्रह्मवैवर्त’ शब्द का अर्थ है- ब्रह्म का विवर्त अर्थात् ब्रह्म की रूपान्तर राशि। ब्रह्म की रूपान्तर राशि ‘प्रकृति’ है। प्रकृति के

भविष्य पुराण – Bhavishya Purana Hindi सूर्योपासना और उसके महत्त्व का जैसा व्यापक वर्णन भविष्य पुराण में प्राप्त होता है। वैसा किसी अन्य पुराण में नहीं उपलब्ध होता। इसलिए इस पुराण को ‘सौर ग्रंथ’ भी कहते हैं। यह ग्रंथ बहुत अधिक प्राचीन नहीं है। इस पुराण में दो हज़ार वर्ष का अत्यन्त सटीक विवरण प्राप्त

Skanda Purana – स्कन्द पुराण स्कन्द पुराण (Skand Puran) शैव सम्प्रदाय का पुराण हैं यह अठारह पुराणों में सबसे बड़ा है। स्कन्द पुराण (Skand Puran Hindi) के छह खण्ड हैं- माहेश्वर खण्ड, वैष्णव खण्ड, ब्रह्म खण्ड, काशी खण्ड, अवन्तिका खण्ड और रेवा खण्ड। शिव-पुत्र का नाम ही स्कन्द है। स्कन्द का अर्थ होता है- क्षरण

कूर्म पुराण – Kurma Purana in Hindi कूर्म पुराण (Kurma Purana) : हिन्दू धर्म की मान्यता अनुसार यह माना जाता है कि भगवान् विष्णु  ‘कूर्मावतार’ (Kurma Avatar) अर्थात् कच्छप रूप में समुद्र मंथन के समय मन्दराचल को अपनी पीठ पर धारण करने के प्रसंग में राजा इन्द्रद्युम्न को ज्ञान, भक्ति और मोक्ष का उपदेश देते है| कूर्म पुराण संहिता :