Author name: Team Bhaktisatsang

भक्ति सत्संग वेबसाइट ईश्वरीय भक्ति में ओतप्रोत रहने वाले उन सभी मनुष्यो के लिए एक आध्यात्मिक यात्रा है, जिन्हे अपने निज जीवन में सदैव ईश्वर और ईश्वरत्व का एहसास रहा है और महाज्ञानियो द्वारा बतलाये गए सत के पथ पर चलने हेतु तत्पर है | यहाँ पधारने के लिए आप सभी महानुभावो को कोटि कोटि प्रणाम

बृहद्बल – श्रीराम के वो वंशज जिन्होंने महाभारत युद्ध में भाग लिया

महाभारत के सन्दर्भ में एक प्रश्न बहुत प्रमुखता से पूछा जाता है कि क्या महाभारत के समय ऐसा कोई राजा था जो श्रीराम के वंश से सम्बंधित हो। तो इसका […]

रामचरितमानस के अनुसार 14 प्रकार के व्यक्ति जो मरे हुए के समान हैं

गोस्वामी तुलसीदास रचित रामचरितमानस ज्ञान के सागर के समान है। इसमें ज्ञान की ऐसी गूढ़ बातें लिखी है जो हर किसी को पता होनी चाहिए। मानस में ही तुलसीदास जी

गणेश गीता – जब श्री गणेश ने दिया राजा वरेण्य को गीता का ज्ञान

Ganesh Geeta –  गणेश गीता भगवान श्रीकृष्ण ने कुरुक्षेत्र के मैदान में गीता उपदेश दिया था, यह बात तो सब जानते हैं लेकिन विघ्न विनाशक गणपति ने भी गीता का

परमपिता ब्रह्मा के मानस पुत्र

परमपिता ब्रह्मा के मानस पुत्र ये तो हम सभी जानते हैं कि परमपिता ब्रह्मा से ही इस सारी सृष्टि का आरम्भ हुआ। सर्वप्रथम ब्रह्मा ने पृथ्वी सहित सारी सृष्टि की

हिन्दू पञ्चाङ्ग में संवत्सर (संवत) क्या और कितने हैं?

संवत्सर एक संस्कृत शब्द है जिसका अर्थ होता है “वर्ष”। इसे ही आधुनिक भाषा में संवत के नाम से जानते हैं। हिन्दू पञ्चाङ्ग में कई प्रकार के संवत्सरों का वर्णन

देव्यपराध क्षमापन स्तोत्र – पूत कपूत हो सकता है लेकिन माता कभी कुमाता नहीं हो सकती

देवी अपराध क्षमापन स्तोत्र – Devi Apradh Kshamapan Stotra कलियुग में कुछ चीजें ऐसी हैं जो बहुत प्रसिद्ध और प्रामाणिक हैं। प्रामाणिक इस कारण से हैं क्यूंकि इस युग में

चित्रकूट धाम (Chitrakut Dham) दर्शन से जाने चित्रकूट महिमा

चित्रकूट महिमा | Chitrakut Dham चित्रकूट मंदाकिनी नदी के किनारे पर बसा भारत के सबसे प्राचीन तीर्थस्थलों में से एक है। उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में 38.2 वर्ग किलोमीटर

सनातन धर्म के 18 स्मृति ग्रन्थ बताते है जीने का सही ढंग

स्मृति ग्रन्थ किसी भी समाज व्यवस्थित संचालन के लिए नियम और विधि-निषेध ज़रूरी होते हैं। राजा या शासन द्वारा निर्धारित नियम अपनी जगह महत्त्व रखते हैं, लेकिन समाज को सही

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